• +91-7023509999
  • 0294-6622222
  • info@narayanseva.org
no-banner

17 साल तक सहा दर्द, अब अपने पैरों पर खड़ी है पूजा

Start Chat


सफलता की कहानी: पूजा कामी

पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार की रहने वाली 25 वर्षीय पूजा कामी की जिंदगी संघर्षों से भरी रही। जब वह मात्र 8 वर्ष की थीं, तब कमर में गांठ होने की समस्या के कारण उनका ऑपरेशन किया गया। लेकिन दुर्भाग्यवश वह ऑपरेशन सही से नहीं हुआ। एक छोटी-सी बच्ची, जो कभी दौड़ती-भागती और सपने संजोती थी, अचानक दिव्यांगता की कठिन राह पर चलने को मजबूर हो गई।

असफल ऑपरेशन के कारण उनके पैरों का विकास रुक गया। चलना-फिरना तो दूर, रोजमर्रा के सामान्य कार्य भी उनके लिए चुनौती बन गए। माता-पिता ने बेटी को स्वस्थ करने की उम्मीद में कई अस्पतालों और डॉक्टरों के चक्कर लगाए, लेकिन हर बार निराशा ही हाथ लगी।

समय बीतता गया, लेकिन पूजा और उनके परिवार ने उम्मीद का दामन नहीं छोड़ा। आखिरकार कुछ समय पहले वे नारायण सेवा संस्थान पहुंचे। यहां विशेषज्ञ चिकित्सकों ने उनकी स्थिति का गहन परीक्षण किया और उसके पैरों का सफल ऑपरेशन किया।

आज वही पूजा, जो वर्षों तक दूसरों के सहारे जीने को मजबूर थीं, अपने पैरों पर खड़ी हैं। वह आत्मविश्वास के साथ चलती हैं, अपने दैनिक कार्य स्वयं करती हैं और एक नई जिंदगी की ओर कदम बढ़ा रही हैं। अपनी आजीविका के लिए पूजा कपड़े सिलने का कार्य करती हैं और आत्मनिर्भर बनने की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रही हैं।

कभी दर्द और निराशा से भरी पूजा की आंखों में आज आत्मविश्वास और उम्मीद की चमक है। पूजा अब अपने सपनों को नई उड़ान देने के लिए तैयार है…

Start Chat