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How to be Happy
  25 Mar'2018

खुश रहने के लिए जरूरी


जीवन में सदा खुश या प्रसन्न चित्त रहना जरूरी है। कई ऐसे लोग हैं जो दिनभर उदास रहते हैं और बहुत से हमेशा सबकुछ होने के बाद भी दुखी रहते हैं। खुश रहने के लिए हम जीवनभर प्रयास करते हैं। कुछ चीजों को लेकर हम यह सोचते हैं कि अगर वो मिल जाए तो हमें सच्ची खुशी मिल जाएगी, लेकिन हम इस मामले में गलत साबित होते हैं।
कई बार तो हम बेवजह ही बनावटी सुख के लिए अन्य सच्ची खुशियों को नजरअंदाज भी कर देते हैं। हमारी असीमित इच्छाएं छोटी-छोटी खुशियों को भी हमसे दूर कर देती हैं।
1 धन का सम्मान करें: बहुत से लोग कहते हैं कि धन से खुशी नहीं खरीदी जा सकती, लेकिन यह भी सच है कि धन के बगैर आम व्यक्ति खुश रह भी नहीं सकता। धन की अहमियत हमारे जीवन में बहुत ज्यादा है। धन का दुरपयोग भी किया जाता है।निश्चित ही धन से आप खुशियां नहीं खरीद सकते, लेकिन कुछ सुविधाएं तो खरीद ही सकते हैं, जो आपको खुशी देते हैं। एक आइस्क्रीम खाने या फिल्म देखने से हमें खुशी मिल सकती है, लेकिन इसके लिए तो धन की जरूरत लगेगी ही।
2 सच्ची इच्छाओं का सम्मान करें: यह बात व्यावहारिक नहीं है कि अपनी इच्छाओं को कम करके खुश रहना सीखें। हां, आप अपनी ढेर सारी इच्छाओं में से चयन करें कि प्राथमिक कौन-सी है और अनावश्यक कौन-सी। जीवन में इच्छाओं का त्याग नहीं करना बल्कि यह समझने की जरूरत है कि हमारी इच्छाएं कितनी महत्वपूर्ण है।क्या हम सिर्फ अपनी इच्छाओं के लिए ही जी रहे हैं या कि हमें हमारे परिवार की इच्छाओं की पूर्ति या जरूरतों का भी ध्यान है? कहीं आप स्वार्थी तो नहीं। बहुत से लोगों को देखा है वे बाहर मजे करते रहते हैं और उनके घर में उनकी मां, पत्नी, बेटी या बेटा भूखे बैठे रहते हैं।बहुत से लोग व्यर्थ की इच्छाएं भी पाल लेते हैं जोकि सही नहीं होती। जिन लोगों की इच्छाएं अधिक होती हैं, उनके जीवन में सुख कम होता है और वे सुख की तलाश की बजाय अपनी इच्छाओं की पूर्ति में ध्यान ज्यादा लगाकर वर्तमान की खुशी को छोड़ते रहते हैं।

3 पारिवारिक बनें: एक शोध में यह बात सामने आई कि लगभग 90 प्रतिशत लोग अपने पारिवार के अच्छे और बुरे व्यवहार के कारण सुखी या दुखी रहते हैं। अगर परिवार के लोग पहले से ही पारिवारिक या सामाजिक हैं, तो वे अधिक सुखी रहते हैं और उनकी अगली पीढ़ी भी सामाजिक हो जाती है। हमारी भावनाएं और इच्छाएं काफी हद तक आनुवांशिकी पर भी निर्भर करती हैं।
परिवार के प्रत्येक सदस्य के प्रति प्रेमपूर्ण व्यवहार करें। यदि आप परिवार में सबसे बड़े हैं तो यह जरूरी है कि आप हमेशा मित्रवत और प्रेमपूर्ण रहे और साथ ही सभी सदस्यों से संवाद स्थापित करके रखें। इसके लिए सबसे जरूरी है परिवार के बीच अधिक से अधिक समय व्यतीत करना।
4 स्वच्छता और सुंदरता  आपके शरीर, कपड़े, घर और आसपास स्वच्छता और सुंदरता होना जरूरी है। स्वच्छता और सुंदरता का संबंध आपकी खुशी से होता है। जो लोग दिखने में सुंदर नहीं है वे खुद को हीन भावना से ग्रसित कर लेते हैं, जबकि ऐसा सोचने की बजाय यह सोचता चाहिए की मैं दूसरों से कितना अधिक स्वच्छ रह सकता हूं।जो लोग खुद को सुंदर नहीं मानते उनको अधिक तवज्जों नहीं मिलती। लोग उनकी ओर ध्यान नहीं देते। लेकिन हमेशा इस हीनता से ग्रसित होने के बाजाय यह सोचना चाहिए कि यह एक प्राकृतिक नियम है और मुझे इसके लिए दुखी नहीं रहना चाहिए, अन्यथा में जो जीवन मिला है उसे दुख में ही गंवा दूंगा।
5 मित्रता के संग  दोस्ती एक ऐसा रिश्ता है जो जीवन में हमें सबसे अधिक खुशी देता है। दोस्तों का साथ पाते ही लोग अपने दुखों को भूलकर खुशियों की तलाश करने लगते हैं। दोस्तों के साथ मस्ती के दौरान हम सारे दुखों को भूल जाते हैं। दोस्त कैसा भी हो वह हमें खुशी ही प्रदान करता है।
6 निष्ठा: निष्ठावान बनें। निष्ठा यानी विश्वास। यह एक ऐसी भावना है, जो हमें खुशियां प्रदान करती है। यह एक सकारात्मक भावना है। सच्ची खुशी पाने के लिए सकारात्मक सोच होना बहुत जरूरी है और यह सोच हमें निष्ठा और विश्वास के साथ मिलती है।

7 परोपकार: परोपकार का अर्थ होता है दूसरों पर उपकार करना। उपकार करने जताना नहीं या उपकार के बदले किसी को मानसिक रूप से दबाना नहीं। बहुत से लोग हैं कि किसी की मदद इसलिए करना चाहते हैं ताकि बदले में उनको कुछ मिले।
परोपकार करने के बाद उसी व्यक्ति को संतोष और खुशी मिलती है जो परोपकार करके भुल जाता है या भूलने का नाटक ही कर देता है। परोपकार के बदले में संतोष और खुशी का मिलना ही अपने आप में एक मूल्य है।
8 परिवार के साथ घुमने जाएं: वर्ष में दो नहीं तो एक बार पारिवार के साथ कहीं दूर किसी समुद्र के किनारे या किसी तीर्थ स्थल पर घुमने जाएं। ऐसी जगह पर न जाए जहां जाकर आपको पछताना पड़े।
जाने से पूर्व पहले से ही प्लानिंग करके जाएं और यात्रा मार्ग को अच्छी तरह से समझ कर जाएं। उचित वाहन और सुरक्षा के साथ जाएं। संपूर्ण यात्रा मार्ग में खुशियां और रोमांच के लिए आप अच्छे से योजना बना सकते हैं। आपके परिवार के साथ आपके मित्र या पड़ोसी का किसी रिश्तेदार का पारिवार भी होता तो यात्रा का आनंद दोगुना हो जाएगा। ऐसे में आपको सुरक्षा का अहसास भी होगा।
9 खेल: यह आपके शरीर को स्वस्थ भी रखता है। इसके अलावा आप किसी गेम को अपने रोजमर्रा या साप्ताहिक जीवन का हिस्सा बना लें। जैसे बैडमिंटन खेलना, शतरंज खेलना, ताश खेलना या क्रिकेट खेलना।आपके जीवन में किसी न किसी प्रकार का मनोरंजक खेल होना चाहिए। खेल से खुशियां बटोरी जा सकती है। खेल में हार-जीत के बारे में बिल्कुल मत सोचे अन्यथा खेल ही आपके दुख का कारण बन जाएगा। बस खेल को इंजाय करें।
10 संगीत बहुत जरूरी: जीवन में संगीत नहीं तो निरसता का अहसास होगा। आपने निश्चित ही ऐसा गाना कभी सुना होगा जिसमें संगीत नहीं बजता हो, लेकिन क्या वह कभी आपको अच्छा लगा?आप खुशियों और प्रेम से भरे संगीत सुने। मनभावन संगीत सुने।संगीत की एक लिस्ट बनाएं और उनको अपने स्मार्टफोन या सिस्टम पर डाउनलोड कर लें। उसकी एक सीडी भी बनाकर रखें। हालांकि संगीत सुनने का समय भी निर्धारित कर लें तो अच्छा होगा।
 

11 छोटी चीजों में ढूंढें खुशियां: जरूरी नहीं है कि खुशी पाने के लिए आप कुछ बड़ा होने का इंतजार करें। छोटी सफलताओं या मौकों पर भी ऐसा किया जा सकता है। जैसे आप कोई आइसक्रीम खा रहे हैं या लंच कर रहे हैं। हो सकता है कि गर्मी में किसी सैलून में हेड मसाज करने से जो रिलैक्सेशन की फीलिंग आएगी, उससे भी आपको खुशी मिले।

12  शौक पर खर्च करें: हो सकता है कि आपको किसी प्रकार का अच्छा शौक हो। जैसेअगर आप किसी स्पोर्ट्स क्लब की मेम्बरशिप पर खर्च करें या ऐसी कोई क्लास से जुड़ें जिसमें आपकी गहरी दिलचस्पी हो तो यह एक अच्छा चयन होगा। अपनी पसंद का काम करने पर जो सुकून मिलता है, उसकी खुशी लंबे समय तक आपके साथ रहती है और छोटी परिस्थितियों में आपको टूटने नहीं देती

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